विदिशा जिले के पौआनाला में 18 सितंबर को ग्रामीण उद्यमियों और स्वरोजगार हितग्राहियों को अपनी बात सीधे अधिकारियों के सामने रखने का अवसर मिला। शासकीय माध्यमिक शाला में मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत हुए उद्यम संवाद में कलेक्टर अंशुल गुप्ता ने उनके कारोबार की स्थिति, आय में बदलाव और व्यावहारिक कठिनाइयों को जाना।

अलग-अलग काम से जुड़े उद्यमियों ने बताए अनुभव

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना, प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उन्नयन योजना, गौसेवक, बैंक सखी, कस्टम हायरिंग और स्व-सहायता समूहों से जुड़े हितग्राही शामिल हुए। उन्होंने बताया कि वित्तीय सहायता, बैंकिंग सुविधाओं और विभागीय मार्गदर्शन से उन्हें अपना रोजगार शुरू करने में सहयोग मिला।

खास बातें

  • कलेक्टर ने हितग्राहियों से उद्यम, आर्थिक सहायता और आय में बदलाव पर चर्चा की
  • ग्रामीणों को स्वरोजगार योजनाओं की पात्रता, आवेदन, बैंक ऋण और अनुदान की जानकारी मिली
  • विभागीय अधिकारियों की मौजूदगी में कई समस्याओं का मौके पर निराकरण हुआ

स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं और अन्य उद्यमियों ने अपने काम तथा परिवार की आय में स्वरोजगार के योगदान की जानकारी दी। कलेक्टर ने उनसे प्राप्त आर्थिक सहायता, व्यवसाय की मौजूदा स्थिति और संचालन के दौरान आने वाली परेशानियों पर भी चर्चा की।

ऋण, अनुदान और आवेदन प्रक्रिया समझाई

ग्रामीण युवाओं और इच्छुक हितग्राहियों को उनकी रुचि एवं क्षमता के अनुसार उपलब्ध स्वरोजगार विकल्पों की जानकारी दी गई। अधिकारियों ने योजनाओं की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया, बैंक ऋण, अनुदान और अन्य सुविधाओं के बारे में समझाया।

संवाद में मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति, एमएसएमई प्रोत्साहन, पीएम विश्वकर्मा, संत रविदास, भगवान बिरसा मुंडा और टंट्या मामा आर्थिक कल्याण योजनाओं की जानकारी दी गई। डॉ. भीमराव अंबेडकर आर्थिक कल्याण योजना, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, पशुपालन विभाग की योजनाएं और प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उन्नयन योजना भी चर्चा में रहीं।

विभागों के सामने रखीं समस्याएं

उद्यमियों की समस्याएं संबंधित विभागीय अधिकारियों के सामने रखी गईं और इनमें से कई का मौके पर ही निराकरण किया गया। कलेक्टर ने अधिकारियों को पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने और मौजूदा उद्यमियों को व्यवसाय आगे बढ़ाने के लिए जरूरी मार्गदर्शन देने को कहा।

कार्यक्रम में जिला पंचायत सीईओ सुरभि तिवारी, एसडीएम मनीष जैन, लीड बैंक अधिकारी बी.एस. बघेल, जीएमडीआईसी जयंती, विभिन्न विभागों के अधिकारी, ग्रामीण और हितग्राही उपस्थित रहे। इच्छुक ग्रामीणों के लिए संवाद में दी गई पात्रता और आवेदन संबंधी जानकारी स्वरोजगार योजना चुनने का आधार बन सकती है।